जनवरी 2026 पूर्णिमा और अमावस्या तिथियाँ - संपूर्ण मार्गदर्शिका
📅 जनवरी 2026 पूर्णिमा और अमावस्या की तिथियाँ
🌑 अमावस्या – नया चंद्रमा
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तिथि: गुरुवार, 15 जनवरी 2026
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महत्व: पितृ पूजा, शुद्धि अनुष्ठान, नकारात्मकता का निवारण
🌕 पूर्णिमा – पूर्ण चंद्रमा
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तिथि: शुक्रवार, 30 जनवरी 2026
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महत्व: आध्यात्मिक विकास, समृद्धि, सत्यनारायण पूजा, ध्यान
अमावस्या क्या है?
अमावस्या नये चंद्रमा के दिन को दर्शाती है, जो विश्राम, आत्म-चिंतन और शुद्धिकरण का प्रतीक है। यह निम्नलिखित के लिए आदर्श माना जाता है:
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पितृ तर्पण
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भोजन और आवश्यक वस्तुओं का दान
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नकारात्मक ऊर्जाओं को दूर करना
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आध्यात्मिक शुद्धि
पूर्णिमा क्या है?
पूर्णिमा पूर्ण चंद्रमा के दिन को कहते हैं, जो पूर्णता, सकारात्मकता और दिव्य आशीर्वाद का प्रतिनिधित्व करता है। यह निम्नलिखित के लिए अत्यधिक शुभ है:
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सत्यनारायण पूजा
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उपवास और ध्यान
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अभिव्यक्ति (मेनिफेस्टेशन) और प्रार्थना
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आध्यात्मिक उपचार
पूर्णिमा और अमावस्या का आध्यात्मिक महत्व
दोनों चंद्र चरण ऊर्जा को संतुलित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। जहाँ अमावस्या नकारात्मकता को दूर करने में मदद करती है, वहीं पूर्णिमा सकारात्मकता, शांति और स्पष्टता को बढ़ाती है।
इन दिनों के लिए सरल पूजा टिप्स
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पूजा स्थल को साफ करें
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तेल या घी का दीया जलाएं
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धूप, कपूर और गंगा जल अर्पित करें
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मंत्रों का जाप करें या शांति से ध्यान करें